|| देश में आदिवासिओ को सिर्फ वोट बैंक की तरह उपयोग किया गया है ||


14 सितम्बर 2013 8:02 pm को, AYUSH Adivasi Yuva Shakti <[email protected]> ने
लिखा:

> Mukti Vahini <https://www.facebook.com/mukti.vahini?hc_location=stream>
> आज से लगभग 100 साल जब पहले टाटा कंपनी साकची (अब जमशेदपुर) में स्थापित की
> जा रही थी उसी परक्रिया में कई गाँव को लिल लिया। जानकारों का कहना हैं की
> उन्हें न तो मुआबजा मिला और न ही पुनरवास की कोई व्यवस्था की गयी बस जाना हैं
> तो जाना है। उस के बाद टाटा ने पानी के लिए शहर के ही समिप, जिसे आज हम डिमना
> के नाम से जानते हैं, एक डेम बनाया गया।उस में 12 गाँव को डुबोया गया। इन्हें
> भी न तो पूर्ण मुआबजा मिला और न ही अन्य सुबिधाये। डिमना डेम के विस्थापित आज
> भी संघर्ष रथ हैं।
> दूसरी और टाटा कंपनी टाटा से ले कर भारत को छोड़ दिजीये सात समुन्दर पर कोरस
> को खरिद लिया इस से हमें कोई दिक्कत नहीं हैं। हमारा तो बस ये सवाल हैं की इस
> बिच में आप झारखंडियो को कैसे भूल गए। जिसके मिट्टी, पानी, खनिज सम्पद्दा को
> लगभग मुफ्त में दोहन कर रहे है?
> [image: आज से लगभग 100 साल जब पहले टाटा कंपनी साकची (अब जमशेदपुर) में
> स्थापित की जा रही थी उसी परक्रिया में कई गाँव को लिल लिया। जानकारों का कहना
> हैं की उन्हें न तो मुआबजा मिला और न ही पुनरवास की कोई व्यवस्था की गयी बस
> जाना हैं तो जाना है। उस के बाद टाटा ने पानी के लिए शहर के ही समिप, जिसे आज
> हम डिमना के नाम से जानते हैं, एक डेम बनाया गया।उस में 12 गाँव को डुबोया
> गया। इन्हें भी न तो पूर्ण मुआबजा मिला और न ही अन्य सुबिधाये। डिमना डेम के
> विस्थापित आज भी संघर्ष रथ हैं। दूसरी और टाटा कंपनी टाटा से ले कर भारत को
> छोड़ दिजीये सात समुन्दर पर कोरस को खरिद लिया इस से हमें कोई दिक्कत नहीं
> हैं। हमारा तो बस ये सवाल हैं की इस बिच में आप झारखंडियो को कैसे भूल गए।
> जिसके मिट्टी, पानी, खनिज सम्पद्दा को लगभग मुफ्त में दोहन कर रहे है?]
>
> <https://www.facebook.com/photo.php?fbid=1401359476759624&set=gm.582983318431746&type=1&relevant_count=1&ref=nf>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
>
> On Saturday, June 29, 2013 3:47:12 PM UTC+5:30, AYUSH Adivasi Yuva Shakti
> wrote:
>>
>> Himanshu Kumar <https://www.facebook.com/himanshukumardantewada>  :
>> ऐसा नहीं है की आदिवासियों की तरफदारी करने के कारण ही हम जैसे लोगों को
>> नक्सली समर्थक माना जाता हो . असल में तो जो कोई भी अब इस मुल्क में
>> आदिवासियों की तरफदारी करेगा और इन अमीर उद्योगपतियों की लूट पर सवाल उठाएगा
>> उसे ही हमारे पुलिस बहादुर नक्सली कह कर परेशान करना शुरू कर देंगे .
>> अगर आपको मेरी इस बात पर शक है तो नमूना पेश है जनाब .
>> भारत के प्रधानमंत्री कार्यालय ने आदिवासी इलाकों में शांती लाने के लिए इन
>> इलाकों में विकास को बढ़ावा देने की योजना बनाई . इस काम के लिए हर जिले में एक
>> नौजवान की नियुक्ति भी करी गयी .
>> महाराष्ट्र के आदिवासी जिले गढ़चिरोली में भारत सरकार ने विकास को तेज़ करने
>> के लिए जिस नौजवान को नियुक्त किया उसे वहाँ की पुलिस ने पकड़ लिया . इस सरकार
>> द्वारा नियुक्त व्यक्ति के साथ उसके एक मित्र को भी पकड़ लिया गया . खूब परेशान
>> करने के बाद आखिरकार इन्हें छोड़ना तो पड़ा . लेकिन खतरनाक और शर्मनाक बात यह है
>> की पुलिस का कहना है की हम तो इन सज्जन पर बहुत पहले से नज़र रखे हुए थे
>> क्योंकि यह सज्जन तो नवीन जिंदल के कारखाने का विरोध करने वाले आन्दोलन को
>> समर्थन दे रहे हैं .
>> जियो बहादुर मोर देश के बहादुर पुलिसवा . किसकी नौकरी कर रहे हो ? जिंदल
>> गडकरी , और अम्बानी की ? और गोली लाठी चला रहे हो अपने ही देश के किसानों
>> आदिवासियों और गरीबों पर . [image: Inline image 1]
>> याद रखना पुलिस वाले भाइयों, जब इस दौर का इतिहास लिखा जाएगा तब तुम्हारा
>> ज़िक्र किस रूप में किया जाएगा इसका ख़याल ज़रूर रखना ?
>>
>>   --
> -----------------------------------------------------------------------
> This mail is sent you by AYUSHgoogle group
> AYUSH | adivasi yuva shakti | www.adiyuva.in
> We are online group of youth who want to take initiative for awareness
> about Tribal empowerement & Developement, Let us do it together
>
> Our Online contact points : Google us as "adiyuva"
> Home Page : www.adiyuva.in
> Join AYUSH : www.join.adiyuva.in
> Let us do it together : www.do.adiyuva.in
> Warli Art | India's Global Art, Proudly Tribal Art : www.warli.in
> Tribal Tourism : www.tourism.adiyuva.in
>
> Face book profile : www.facebook.com/adiyuva
> Face book page :www.facebook.com/adiyuva1
> You Tube : http://youtube.com/adiyuva
> twitter : http://twitter.com/adiyuva
> Linked In : www.linkedin.com/in/adiyuva
> ---
> You received this message because you are subscribed to the Google Groups
> "AYUSH | adivasi yuva shakti" group.
> To post to this group, send email to [email protected].
> Visit this group at http://groups.google.com/group/adiyuva.
> To view this discussion on the web visit
> https://groups.google.com/d/msgid/adiyuva/5eef89cb-733c-4e3a-9358-1a4584896d2d%40googlegroups.com
> .
>

-- 
-----------------------------------------------------------------------
This mail is sent you by AYUSHgoogle group
AYUSH | adivasi yuva shakti | www.adiyuva.in
We are online group of youth who want to take initiative for awareness about 
Tribal empowerement & Developement, Let us do it together 

Our Online contact points : Google us as "adiyuva"
Home Page : www.adiyuva.in
Join AYUSH : www.join.adiyuva.in
Let us do it together : www.do.adiyuva.in
Warli Art | India's Global Art, Proudly Tribal Art : www.warli.in 
Tribal Tourism : www.tourism.adiyuva.in 

Face book profile : www.facebook.com/adiyuva 
Face book page :www.facebook.com/adiyuva1
You Tube : http://youtube.com/adiyuva 
twitter : http://twitter.com/adiyuva 
Linked In : www.linkedin.com/in/adiyuva
--- 
You received this message because you are subscribed to the Google Groups 
"AYUSH | adivasi yuva shakti" group.
To post to this group, send email to [email protected].
Visit this group at http://groups.google.com/group/adiyuva.
To view this discussion on the web visit 
https://groups.google.com/d/msgid/adiyuva/CAERO%3D2Drgf4ZSDyw0D%3DkMSo1NCCCq4yvz-Yst_7Lgc1c6gq5oA%40mail.gmail.com.

Reply via email to