And this will end genuine Adivasi from educational & economical progress.. But u ignore & sleep :( On Sep 14, 2015 8:08 PM, "Deepak Gawali" <[email protected]> wrote:
> निधि शर्मा, नई दिल्ली > मोदी सरकार अनुसूचित जनजाति (शेड्यूल्ड > ट्राइब्स) के दायरे में समुदायों को रखने का > मानक बदलने जा रही है। इसके साथ ही उसने इस > प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्णय भी किया > है। एसटी कैटिगरी में समुदायों को शामिल > करने के राज्यों के प्रस्तावों कई बार कुछ साल > बाद विचार किया जाता था। हालांकि अब > इन्हें छह महीने में निपटा दिया जाएगा और > सचिवों की एक समिति पूरी प्रक्रिया पर > नजर रखेगी। इस प्रक्रिया को दुरुस्त करने के > निर्णय पर इसी महीने कैबिनेट मंजूरी दे सकती > है। > अब तक पांच मानक: एसटी में समुदायों को > शामिल करने के लिए अब तक पांच मानकों > यानी आदिम विशेषताओं, विशेष संस्कृति, > दूसरों के संपर्क में आने से हिचक, भौगोलिक > अलगाव और पिछड़ापन को आधार बनाया > जाता था। सरकार ने मानकों में सामाजिक- > आर्थिक और शैक्षिक पिछड़ापन और स्वायत्त > धार्मिक परंपराओं को भी शामिल करने का > निर्णय किया है। > सरकारी सूत्रों ने संकेत दिया कि 'आदिम > विशेषता' के मानक में भी बदलाव किया > जाएगा ताकि यह अपमानजनक न लगे। > भौगोलिक अलगाव के मानक में भी संशोधन कर > इसमें दूसरे आदिवासी समुदायों, खासतौर से > एसटी समुदाय के साथ संपर्क को शामिल > किया जाएगा। > छह महीने में खत्म होगी प्रक्रिया: नए नियमों > के तहत राज्य सरकार को अगर किसी समुदाय > को एसटी कैटिगरी में शामिल कराना हो तो > वह इसका प्रस्ताव आदिवासी मामलों के > मंत्रालय में भेजेगी। मंत्रालय इस पर रजिस्ट्रार > जनरल ऑफ इंडिया, एंथ्रोपोलॉजिकल > सोसायटी ऑफ इंडिया और नेशनल कमीशन > ऑफ शेड्यूल्ड ट्राइब्स की राय लेगा। इनमें से > किसी भी अथॉरिटी के पास राज्य सरकार > की सलाह को खारिज करने का अधिकार नहीं > होगा। इनकी राय को सचिवों की समिति के > सामने रखा जाएगा, जिसकी अध्यक्षता > आदिवासी मामलों के मंत्रालय के सचिव करेंगे। > अगर यह समिति राज्य सरकार की सिफारिश > मान लेती है तो फिर कैबिनेट नोट बनाया > जाएगा। यह प्रक्रिया छह महीने में पूरी करनी > होगी। कुछ राज्यों के प्रस्ताव वर्षों तक अटक > जाया करते थे। इसमें प्रस्ताव आदिवासी > मामलों के मंत्रालय को भेजा जाता है, जो > रजिस्ट्रार जनरल ऑफ इंडिया और नेशनल > कमीशन फॉर शेड्यूल्ड ट्राइब्स की राय लेता है। > इन दोनों के पास सिफारिश को खारिज करने > का अधिकार है। > सूत्रों ने बताया कि सरकार इस प्रस्ताव पर > तेजी से कदम बढ़ा रही है क्योंकि इस निर्णय > का सीधा असर असम में 26 टी ट्राइब्स और > पांच समुदायों पर पड़ेगा। असम में अगले साल > विधानसभा चुनाव होने हैं। इन समुदायों को > एसटी कैटिगरी में शामिल करने का प्रस्ताव > असम ने 2013 में भेजा था। > कदम पर सवाल भी: हालांकि दलित > ऐक्टिविस्ट्स इस कदम को संदेह की नजर से देख > रहे हैं। नैशनल दलित मूवमेंट फॉर जस्टिस के जनरल > सेक्रेटरी रमेश नाथन ने कहा, 'यह बहुत बड़ा कदम > है। सरकार को मानकों में कोई भी बदलाव करने > से पहले राज्यों की राय लेनी चाहिए। फिर > सचिवों की समिति को इतना ज्यादा > अधिकार देना भी ठीक नहीं होगा। कुछ > अधिकार रजिस्ट्रार जनरल ऑफ इंडिया को > देने के पीछे एक वजह थी। वह किसी भी समुदाय > के दावे की वैधता जांचने के लिए वैज्ञानिक > आंकड़ों का उपयोग करते थे।' > देवनागरी लिपि में ही अधिसूचना: प्रक्रिया > में एक अहम बदलाव यह होगा कि किसी > आदिवासी समुदाय को एसटी कैटिगरी में > शामिल करने की अधिसूचना देवनागरी में ही > जारी की जाएगी। अभी यह अधिसूचना > अंग्रेजी में जारी होती है और इससे आरक्षण देने > में व्यावहारिक दिक्कतें आती हैं। एक सूत्र ने > ईटी को बताया, 'रोमन स्क्रिप्ट में लिखे नाम > के उच्चारण के कई तरीके होते हैं। लिहाजा अब > वर्गीकरण केवल देवनागरी लिपि में जारी करने > का निर्णय किया गया है। राज्यों से भी > सिफारिशें केवल देवनागरी लिपि में भेजने को > कहा जाएगा।' मानकों में बदलाव की > प्रक्रिया यूपीए सरकार ने 2014 फरवरी में शुरू > की थी। > > -- > Learn More about AYUSH online at : > http://www.adiyuva.in/2013/10/ayush.html > --- > You received this message because you are subscribed to the Google Groups > "AYUSH | adivasi yuva shakti" group. > To unsubscribe from this group and stop receiving emails from it, send an > email to [email protected]. > To post to this group, send email to [email protected]. > Visit this group at http://groups.google.com/group/adiyuva. > To view this discussion on the web visit > https://groups.google.com/d/msgid/adiyuva/CAK6z%3DxTsbRGHj4p5mV9jX909kQ%2BYzzjrekoOb-OCy4%3DKzvwbiA%40mail.gmail.com > <https://groups.google.com/d/msgid/adiyuva/CAK6z%3DxTsbRGHj4p5mV9jX909kQ%2BYzzjrekoOb-OCy4%3DKzvwbiA%40mail.gmail.com?utm_medium=email&utm_source=footer> > . > For more options, visit https://groups.google.com/d/optout. > -- Learn More about AYUSH online at : http://www.adiyuva.in/2013/10/ayush.html --- You received this message because you are subscribed to the Google Groups "AYUSH | adivasi yuva shakti" group. To unsubscribe from this group and stop receiving emails from it, send an email to [email protected]. To post to this group, send email to [email protected]. Visit this group at http://groups.google.com/group/adiyuva. To view this discussion on the web visit https://groups.google.com/d/msgid/adiyuva/CADnEKGyD2_SeawV2D6PV_TBGb6tXBN0VZNnN5j3JtogzO-uPPw%40mail.gmail.com. For more options, visit https://groups.google.com/d/optout.

